निराश्रितों को संबल देने के लिए मुख्यमंत्री का एक और बड़ा निर्णय ...

निराश्रितों को संबल देने के लिए मुख्यमंत्री का एक और बड़ा निर्णय जरूरतमंद 3.57 लाख परिवारों को होगा गेहूं एवं चने का निःशुल्क वितरण

जयपुर, 11 जून। कोरोना महामारी के कारण उपजे संकट की घड़ी में जरूरतमंद परिवारों को खाद्यान्न सुरक्षा देने के लिए मुख्यमंत्री श्री अशोक गहलोत ने एक और बड़ा निर्णय किया है। श्री गहलोत ने राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा योजना के दायरे में नहीं आने वाले 3 लाख 57 हजार से अधिक जरूरतमंद परिवारों और निराश्रित व्यक्तियों को दो माह तक प्रति व्यक्ति प्रतिमाह पांच किलो गेहूं और प्रति परिवार एक किलो चना के हिसाब से 10 किलो गेहूं और 2 किलो चना के  निशुल्क वितरण के प्रस्ताव को गुरूवार को  स्वीकृति दी है। 
 
उल्लेखनीय है कि कोरोना महामारी के कारण प्रदेश में रिक्शा चलाने वाले, दिहाड़ी मजदूरों, थड़ी-ठेला चलाने वाले फुटकर विक्रेताओं आदि के परिवारों की आजीविका पर गहरा संकट आ गया था। ऎसे करीब 31 लाख लोगों को संबल देने के लिए मुख्यमंत्री ने एक मुश्त 2 हजार 500 रूपए की अनुग्रह राशि उपलब्ध कराने के निर्देश दिए थे।
 
अब इन परिवारों में से सर्वे के बाद राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा योजना के दायरे में नहीं आने वाले 3 लाख 57 हजार 258 परिवारों के 14 लाख 44 हजार 982 व्यक्तियों को मुख्यमंत्री ने यह खाद्यान्न सार्वजनिक वितरण प्रणाली के माध्यम से उपलब्ध कराने की भी स्वीकृति दी है। इसके तहत इन परिवारों के प्रत्येक व्यक्ति को 10 किलोग्राम निशुल्क गेहूं और प्रत्येक परिवार को निशुल्क 2 किलोग्राम चना दिया जाएगा। राज्य सरकार इस पर करीब 36.44 करोड़ रूपए की राशि व्यय करेगी।