समर्थन मूल्य पर खरीद सरसों एवं चना की तुलाई क्षमता को गुरूवार से ...

समर्थन मूल्य पर खरीद सरसों एवं चना की तुलाई क्षमता को गुरूवार से किया दोगुना प्रतिदिन केन्द्रों पर अधिकतम 120 किसानों से हो सकेगी तुलाई 4 लाख 62 हजार 623 किसानों ने अब तक कराया पंजीयन 139 खरीद केन्द्रों पर 10 प्रतिशत पंजीयन सीमा बढ़ाई

जयपुर, 7 मई। सहकारिता मंत्री, श्री उदयलाल आंजना ने गुरूवार को बताया कि राज्य के अधिकाधिक किसानों को समर्थन मूल्य पर सरसों एवं चना खरीद का लाभ मिल सके। इसके लिए केन्द्रों पर प्रतिदिन अधिकतम 120 किसानों से तुलाई के लिए एसएमएस की संख्या गुरूवार से दोगुनी कर दी गई है। प्रारंभ में खरीद केन्द्र पर अधिकतम 60 किसानों से तुलाई हो रही थी।
 
 श्री आंजना ने बताया कि सरसों एवं चना के लिए 799 खरीद केन्द्र स्वीकृत किये गये है और आवश्यकता होने पर खरीद केन्द्रों की संख्या बढाई जा रही है। उन्होंने बताया कि तुलाई के एसएमएस की संख्या दोगुनी हो जाने से किसानों से शीघ्र खरीद संभव हो पाएगी। किसानों को यह सुविधा भी प्रदान की जा रही है कि उन्हें एसएमएस के द्वारा केवीएसएस के अधिकृत कार्मिक के नम्बर भी भेजे जा रहे है ताकि वह उससे संपर्क कर शीघ्र अपनी उपज को बेच सके।
 
 सहकारिता मंत्री ने बताया कि 6 मई तक सरसों एवं चना के लिए 4 लाख 62 हजार 623 किसानों ने पंजीयन कराया है। जिसमें से 2 लाख 60 हजार 623 सरसों एवं 2 लाख 1 हजार 997 चना के है। उन्होंने बताया कि 139 खरीद केन्द्रों पर पंजीयन की क्षमता पूरी हो गई थी। इन केन्द्रों (सरसों के 52 तथा चना के 87) की पंजीयन सीमा को 10 प्रतिशत बढ़ा दिया गया है। इस निर्णय से करीब 10 हजार किसानों को और लाभ होगा।
 
 प्रमुख शासन सचिव, सहकारिता श्री नरेश पाल गंगवार ने बताया कि 17 हजार 118 किसानों से 203.65 करोड़़ रूपये की सरसों एवं चना की खरीद 6 मई तक की जा चुकी है। खरीद केन्द्रों पर सोशल डिस्टेंसिग का पूरा ध्यान रखा जा रहा है। उन्होंने बताया कि उपज बेचान के लिए 78 हजार 849 किसानों को एसएमएस द्वारा सूचित किया जा चुका है।
 राजफैड की प्रबंध निदेशक श्रीमती सुषमा अरोड़ा ने बताया कि किसानों को उनकी सुविधाा के अनुसार उपज बेचान हेतु खरीद केन्द्र का आवंटन किया जा रहा है। उन्होंने बताया कि 9 हजार 968 किसानों को 118.04 करोड़ रूपये का भुगतान सरसों, चना एवं गेहूं के पेटे राजफैड द्वारा किया जा चुका है। किसानों को तीन दिन में भुगतान सुनिश्चित किया जा रहा है।